Khaleda Zia Death : खालिदा जिया का निधन बड़ी क्षति, भारत-बांग्लादेश के संबंधों में हुई प्रगति: संजीव श्रीवास्तव

खालिदा जिया के निधन पर शोक, भारत-बांग्लादेश संबंधों में योगदान को किया याद
खालिदा जिया का निधन बड़ी क्षति, भारत-बांग्लादेश के संबंधों में हुई प्रगति: संजीव श्रीवास्तव

वाराणसी: बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) की अध्यक्ष और पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के निधन पर रक्षा विशेषज्ञ संजीव श्रीवास्तव ने शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि खालिदा जिया के कार्यकाल में भारत और बांग्लादेश के संबंधों में काफी प्रगति हुई थी।

रक्षा विशेषज्ञ संजीव श्रीवास्तव ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए कहा, "आज बांग्लादेश से बहुत दुखद खबर आई है। बीएनपी की चेयरपर्सन और बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया का निधन हो गया। उनके निधन पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी मंगलवार को शोक व्यक्त किया है। हाल ही में, जब उनकी तबीयत खराब हुई थी तो भारत सरकार ने हर संभव मेडिकल मदद और सपोर्ट दिया था, जिसकी बीएनपी ने बहुत तारीफ की थी और उन्होंने भारतीय प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त किया था।"

संजीव श्रीवास्तव ने कहा, "जहां तक ​​भारत-बांग्लादेश संबंधों की बात है, खालिदा जिया के कार्यकाल में काफी प्रगति हुई थी। 1992 में, प्रधानमंत्री के तौर पर अपने पहले कार्यकाल के दौरान, उन्होंने भारत का राजकीय दौरा किया था। इसके बाद उन्होंने कई बार भारत का दौरा किया, उनका आखिरी दौरा 2006 में हुआ था।"

उन्होंने कहा कि खालिदा जिया को जब बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी की जिम्मेदारी दी गई थी तो उन्होंने जिस तरह से इसको निभाया था वह बहुत बड़ी बात है। देश के लिए उनके योगदान को हमेशा याद किया जाएगा और उनका जाना बांग्लादेश की राजनीति तथा बीएनपी नेतृत्व के लिए बड़ी क्षति है।

रक्षा विशेषज्ञ संजीव श्रीवास्तव ने कहा कि वह काफी दिनों से बीमार चल रही थी और कुछ दिनों से उनकी हालत ज्यादा खराब हो गई थी। खालिदा जिया को 23 नवंबर को दिल और फेफड़ों से जुड़ी गंभीर समस्याओं के बाद एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) की ओर से जारी बयान के अनुसार, सुबह करीब 6 बजे ढाका के एवरकेयर अस्पताल में खालिदा जिया का निधन हुआ। पार्टी ने कहा, "हम उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करते हैं और सभी से उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करने का अनुरोध करते हैं।"

--आईएएनएस

 

 

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