Bihar Banking Performance : बिहार में दो महीने के अंदर सरकारी योजनाओं में बैंकों से लाभार्थियों को लोन देने के मामले में होगा सुधार: दिलीप जायसवाल

बैंकों की सुस्त परफॉर्मेंस पर बिहार सरकार सख्त, दो महीने में सुधार का आश्वासन
बिहार में दो महीने के अंदर सरकारी योजनाओं में बैंकों से लाभार्थियों को लोन देने के मामले में होगा सुधार: दिलीप जायसवाल

पटना: बिहार सरकार के मंत्री दिलीप जायसवाल ने बिहार में बैंकों के खराब परफॉर्मेंस पर चिंता जताई है। उन्होंने गुरुवार को बताया कि बैंकों से भारत सरकार की योजनाओं के लाभार्थियों को आवश्यक सहयोग करने की मांग की गई है, जिस पर बैंकों ने आगामी दो महीने में इस क्षेत्र में अपनी परफॉर्मेंस सुधारने और ज्यादा से ज्यादा लोगों को लाभ पहुंचाने का आश्वासन दिया है।

बिहार सरकार के मंत्री दिलीप जायसवाल ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, "कई बैंकों की परफॉर्मेंस बहुत खराब रही है। सभी बैंकों से अनुरोध किया गया है कि वे अलग-अलग स्कीमों के तहत लाभार्थियों को लोन और फाइनेंशियल मदद देकर बिहार के लोगों के साथ इंसाफ करने का काम करें। इस पर बैंकों ने भी भरोसा दिलाया है कि वे अगले दो महीनों में इस क्षेत्र में सुधार करेंगे।"

दिलीप जायसवाल ने बताया, "डाटा के अनुसार बिहार में बैंकों का जितना सहयोग प्राप्त होना चाहिए, उतना प्राप्त नहीं हुआ है। बिहार को विकसित बिहार बनाने के लिए बैंकों को जितनी मदद करनी चाहिए थी, उसमें कमी पाई गई है। सरकारी योजनाओं का लोगों को लाभ पहुंचाने में असंतोषजनक मामला दिखा है।"

उन्होंने कहा, "ऐसे में आज हम लोगों ने सुझाव दिया है कि वित्तीय वर्ष के खत्म होने में अभी दो महीने बचे हैं और विभिन्न तरह की योजनाएं हैं, जिनमें प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना और किसान क्रेडिट कार्ड जैसी महत्वपूर्ण योजनाएं शामिल हैं। इन योजनाओं में बैंकों को लाभार्थियों को जो सुविधा देनी चाहिए, उसमें बहुत कमी देखी गई है।"

उन्होंने कहा, "बैंकों से अनुरोध किया गया है कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार को विकसित बिहार बनाने और आगे बढ़ाने का जो सपना देखा है, उसमें सहयोग प्रदान करें। बैंकों ने भी हमें आश्वासन दिया है कि हमारी जो परफॉर्मेंस खराब है, वह आने वाले दो महीने में ठीक हो जाएगी। हम परफॉर्मेंस को आने वाले दो महीनों में बढ़ाने का काम करेंगे।"

--आईएएनएस