पश्चिमी चंपारण: चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर इन दिनों बिहार में जन सुराज यात्रा पर हैं। अपनी यात्रा के दौरान लगातार महागठबंधन और भाजपा पर निशाना साध रहे हैं। हालांकि, उनके निशाने पर अधिकतर जदयू रहता है, लेकिन इस बार उन्होंने मुसलमानों के मुद्दे को लेकर राजद को कठघरे में खड़ा करने की कोशिश की है। पीके ने राजद पर खासकर तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए पीके ने राजद पर बिहार के मुसलमानों के साथ ‘बंधुआ मजदूर’ जैसा व्यवहार करने का आरोप लगाया है।
प्रशांत किशोर ने सवाल किया कि जब भाजपा से अधिक विधायक राजद के हैं तो राजद का एक ही उप मुख्यमंत्री क्यों? प्रशांत किशोर ने यह सवाल पश्चिम चंपारण जिले के पुपरहिया गांव में जनसभा को संबोधित करते हुए पूछा। प्रशांत किशोर ने कहा कि नई सरकार ने राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद के बेटे और उत्तराधिकारी तेजस्वी यादव को दूसरी बार उपमुख्यमंत्री बना दिया। आप सभी राजद के प्रति आत्मीयता महसूस करते हैं, लेकिन कृपया इस सवाल पर विचार करें।
मुस्लिमों का हवाला देते हुए राजद पर मुस्लिम समुदाय को ठगने का आरोप लगा राजद पर हमला बोला। प्रशांत किशोर ने एनडीए की सरकार के समय का हवाला देते हुए तेजस्वी यादव पर मुस्लिम तुष्टिकरण का आरोप लगाकर निशाना साधा। प्रशांत किशोर ने राजद पर आरोप लगाते हुए उपस्थित मुस्लिम समुदाय के लोगों से कहा कि इन लोगों ने आप लोगों को बंधुआ मजदूर बना लिया गया है। आप अपने बच्चों के भविष्य की चिंता किए बगैर एक ही पार्टी के लिए वोट कर रहे हैं। सब कुछ गवां कर के भी आप उनको वोट कर रहे हैं, लेकिन आपको क्या मिला?
प्रशांत किशोर ने कहा कि महागठबंधन अभी बना है, जब नीतीश भाजपा के साथ थे, तो भाजपा के 2 उपमुख्यमंत्री थे, एमएलए 75 थे। राजद के पास 77 विधायक हैं फिर भी दूसरा उपमुख्यमंत्री नहीं बना। राजद के दो ही पैर हैं, एम और वाई। दूसरा उपमुख्यमंत्री बनेगा तो लोग कहेंगे कि भइया एम को बनाओ। उनको भी पता है आप जाइएगा कहां? भाजपा से लड़ाई है, रो कर भी आपको उन्हें को वोट देना पड़ेगा। 10 साल से मैं भाजपा से लड़ रहा हूं और ये लोग मुझे भाजपा का बी टीम बता रहे हैं।
प्रशांत किशोर अपने बिहार में 3,500 किमी लंबी ‘जन सुराज पद यात्रा’ पर हैं। पीके ने पदयात्रा शुरू करने के साथ ही सियासी सक्रियता के भी संकेत दिए थे। उन्होंने कहा था कि पद यात्रा पूरी होने के बाद वे जनता के मिजाज को देखते हुए राजनीतिक दल के गठन को लेकर कोई फैसला करेंगे। अब पदयात्रा के एक महीने पूरे होने पर पीके ने कहा है कि वे राजनीतिक दल बनाने को लेकर निर्णय ले लेंगे। हाल ही में पश्चिम चंपारण के लौरिया में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा था कि वे जल्द ही जन सुराज अभियान के जिला की बैठक के बाद 11 या 12 नवंबर को अपनी राजनीतिक पार्टी बनाने को लेकर निर्णय लेंगे।