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दुनिया भर के श्रमिकों की इनकम 3500 अरब डॉलर घटी

दुनिया भर के श्रमिकों की इनकम 3500 अरब डॉलर घटी

नई दिल्ली: कोविड-19 महामारी की मार से 2020 की पहली तीन तिमाहियों में वैश्विक स्तर पर श्रमिकों की आय में 10।7 प्रतिशत या 3,500 अरब डॉलर की जबर्दस्त गिरावट आई है। अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन आईएलओ ने यह जानकारी दी। आईएलओ ने महामारी से दुनियाभर में कामकाज की स्थिति पर अपनी रिपोर्ट में कहा, कोविड-19 की वजह से श्रम के घंटों का भारी नुकसान हुआ। इससे दुनियाभर में श्रमिकों की आमदनी में गिरावट आई है। वैश्विक स्तर पर 2020 की पहली तीन तिमाहियों में 2019 की समान अवधि की तुलना में श्रमिकों की कमाई 10।7 प्रतिशत या 3,500 अरब डॉलर घटी है। इन आंकडों में सरकारी उपायों के जरिये उपलब्ध कराया गया आय समर्थन शामिल नहीं है। आईएलओ ने कहा कि सबसे अधिक नुकसान निम्न-मध्यम आय वर्ग के देशों में हुआ, जहां श्रमिकों की आय का नुकसान 15.1 प्रतिशत तक पहुंच गया। 'आईएलओ मॉनिटर: कोविड-19 और श्रम की दुनिया के छठे संस्करण में कहा है कि 2020 के पहले नौ माह में कार्य घंटों का नुकसान पूर्व में लगाए गए अनुमान से कहीं अधिक रहा है। संशोधित अनुमान के अनुसार, चालू साल की दूसरी तिमाही में में 2019 की चौथी तिमाही की तुलना में वैश्विक स्तर पर कार्य घंटों का नकसान 17.3 प्रतिशत रहा, जो 49.5 करोड़ पूर्णकालिक समतुल्य (एफटीई) रोजगार के बराबर है। 2020 की तीसरी तिमाही में कार्य घंटों का नुकसान उच्चस्तर 12.1 प्रतिशत या 34.5 करोड़ एफटीई रोजगार के बराबर रहने का अनुमान है। आईएलओ ने कहा कि 2020 की चौथी तिमाही में कार्य घंटों का नुकसान पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 8।6 प्रतिशत रहने का अनुमान है, जो 24.5 करोड़ एफटीई रोजगार के बराबर है।

Updated : 24 Sep 2020 11:08 PM GMT
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